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Agar Service Chanrge Nahi De Sakte To Khana Nahi

By Sachin
  • Jan 03, 2017
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होटल और रेस्‍टोरेंट की तरफ से सर्विस चार्ज देने को अनिवार्य न बताने को लेकर रेस्‍टोरेंट बॉडी ने कड़ा रुख अपनाया है। नेशनल रेस्‍टोरंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एनआरएआई) ने कहा है कि रेस्‍टोरेंट की तरफ से सर्विस चार्ज वसूलने का कानूनी आधार है। एनआरएआई ने कड़े शब्‍दों में कहा है कि अगर कोई कस्‍टमर सर्विस चार्ज नहीं भरना चाहता तो उनके पास ऑप्‍शन है कि वह उन होटलों में न खाएं जहां सर्विस चार्ज मांगा जाता हो। होटल और रेस्‍टोरेंट की तरफ से सर्विस चार्ज देने को अनिवार्य न बताने को लेकर रेस्‍टोरेंट बॉडी ने कड़ा रुख अपनाया है। नेशनल रेस्‍टोरंट एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एनआरएआई) ने कहा है कि रेस्‍टोरेंट की तरफ से सर्विस चार्ज वसूलने का कानूनी आधार है। एनआरएआई ने कड़े शब्‍दों में कहा है कि अगर कोई कस्‍टमर सर्विस चार्ज नहीं भरना चाहता तो उनके पास ऑप्‍शन है कि वह उन होटलों में न खाएं जहां सर्विस चार्ज मांगा जाता हो।

 


कानून के दायरे में है सर्विस चार्ज वसूलना

 

एनआरएआई प्रेसिडेंट रियाज अमलानी ने होटलों की तरफ से सर्विस चार्ज वसूले जाने का बचाव किया है। उन्‍होंने कहा है कि सभी रेस्‍टारंट वही कंज्‍यूमर प्रोटेक्‍शन एक्‍ट फॉलो करते हैं। इसमें सर्विस चार्ज वसूलने का जिक्र किया गया है। उन्‍होंने कहा कि यह एक्‍ट हमें अनफेयर प्रैक्टिस करने से रोकता है और हम अपने मेन्‍यू में सर्विस चार्ज का साफ तौर पर जिक्र करते हैं। ऐसे में यह अनफेयर प्रैक्टिस कैसे हो सकती है। कानून के दायरे में है सर्विस चार्ज वसूलना   एनआरएआई प्रेसिडेंट रियाज अमलानी ने होटलों की तरफ से सर्विस चार्ज वसूले जाने का बचाव किया है। उन्‍होंने कहा है कि सभी रेस्‍टारंट वही कंज्‍यूमर प्रोटेक्‍शन एक्‍ट फॉलो करते हैं। इसमें सर्विस चार्ज वसूलने का जिक्र किया गया है। उन्‍होंने कहा कि यह एक्‍ट हमें अनफेयर प्रैक्टिस करने से रोकता है और हम अपने मेन्‍यू में सर्विस चार्ज का साफ तौर पर जिक्र करते हैं। ऐसे में यह अनफेयर प्रैक्टिस कैसे हो सकती है।

 

कस्‍टमर्स के पास है ऑप्‍शन

 

रियाज के मुताबिक वह इम्‍प्‍लॉइज के बीच इंसेंटिव के तौर पर बांट दिया जाता है। यह उस बिल का हिस्‍सा है. जिस पर रेस्‍टोरंट वैट पे करता है और इम्‍प्‍लॉइज इनकम टैक्‍स पे करते हैं। रियाज ने कहा कि सर्विस चार्ज की व्‍यवस्‍था खत्‍म करने की बजाय रेस्‍टोरेंट विनम्र निवेदन करके कस्‍टमर से इसकी मांग कर सकते हैं। ऐसे में जो कस्‍टमर सर्विस चार्ज नहीं भरना चाहता. वह चाहें तो किसी दूसरे रेस्‍टोरेंट में जाकर खाना खा सकते हैं। सोमवार को सरकार ने कहा था कि होटल व रेस्‍टोरेंट में सर्विस चार्ज भरना कस्‍टमर के लिए जरूरी नहीं है। सरकार ने साफ किया कि यह पूरी तरह कस्‍टमर की मर्जी पर है कि वह सर्विस चार्ज भरना चाहता है या नहीं। सोमवार को सरकार ने राज्‍यों को भी इस तरफ ध्‍यान देने की हिदायत दी है। कस्‍टमर्स के पास है ऑप्‍शन रियाज के मुताबिक वह इम्‍प्‍लॉइज के बीच इंसेंटिव के तौर पर बांट दिया जाता है। यह उस बिल का हिस्‍सा है। जिस पर रेस्‍टोरंट वैट पे करता है और इम्‍प्‍लॉइज इनकम टैक्‍स पे करते हैं। रियाज ने कहा कि सर्विस चार्ज की व्‍यवस्‍था खत्‍म करने की बजाय रेस्‍टोरेंट विनम्र निवेदन करके कस्‍टमर से इसकी मांग कर सकते हैं। ऐसे में जो कस्‍टमर सर्विस चार्ज नहीं भरना चाहता । वह चाहें तो किसी दूसरे रेस्‍टोरेंट में जाकर खाना खा सकते हैं।   सोमवार को सरकार ने कहा था कि होटल व रेस्‍टोरेंट में सर्विस चार्ज भरना कस्‍टमर के लिए जरूरी नहीं है। सरकार ने साफ किया कि यह पूरी तरह कस्‍टमर की मर्जी पर है कि वह सर्विस चार्ज भरना चाहता है या नहीं। सोमवार को सरकार ने राज्‍यों को भी इस तरफ ध्‍यान देने की हिदायत दी है।

 


सरकार को मिली थी शिकायत 

 

केंद्रीय कंज्यूमर अफेयर्स मिनिस्ट्री ने कहा कि होटलों व रेस्टोरेंट की तरफ से सर्विस चार्ज वसूले जाने की हमें शिकायत मिली थी। ग्राहकों की शिकायत थी कि कुछ होटल व रेस्टोरेंट 5 से 20 फीसदी तक सर्विस चार्ज वसूल रहे हैं। होटल की सर्विस बेहतर न होने के बाद भी ग्राहकों को ये सर्विस चार्ज भरना पड़ रहा है।सरकार को मिली थी शिकायत   केंद्रीय कंज्यूमर अफेयर्स मिनिस्ट्री ने कहा कि होटलों व रेस्टोरेंट की तरफ से सर्विस चार्ज वसूले जाने की हमें शिकायत मिली थी। ग्राहकों की शिकायत थी कि कुछ होटल व रेस्टोरेंट 5 से 20 फीसदी तक सर्विस चार्ज वसूल रहे हैं। होटल की सर्विस बेहतर न होने के बाद भी ग्राहकों को ये सर्विस चार्ज भरना पड़ रहा है।

 

सरकार ने होटल एसोसिएशन से मांगा जवाब


मिनिस्‍ट्री ने इस मामले में होटल एसोसिएशन ऑफ इंडिया से सफार्इ मांगी थी। इसके जवाब में एसोसिएशन ने साफ किया कि होटल व रेस्टोरेंट को सर्विस चार्ज देना कम्पल्सरी नहीं है। अगर कोई कस्‍टमर होटल की सर्विस को लेकर खुश नहीं है तो वह चार्ज भरने से इनकार कर सकता है। उन्‍होंने कहा कि इसे भरना न भरना पूरी तरह ग्राहक पर निर्भर करता है।सरकार ने होटल एसोसिएशन से मांगा जवाब मिनिस्‍ट्री ने इस मामले में होटल एसोसिएशन ऑफ इंडिया से सफार्इ मांगी थी। इसके जवाब में एसोसिएशन ने साफ किया कि होटल व रेस्टोरेंट को सर्विस चार्ज देना कम्पल्सरी नहीं है। अगर कोई कस्‍टमर होटल की सर्विस को लेकर खुश नहीं है तो वह चार्ज भरने से इनकार कर सकता है। उन्‍होंने कहा कि इसे भरना न भरना पूरी तरह ग्राहक पर निर्भर करता है।

 

अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिस है होटलों का सर्विस चार्ज वसूलना

 

 मिनिस्‍ट्री ने कंज्‍यूमर प्रोटेक्‍शन एक्‍ट 1986 का जिक्र करते हुए कहा इसे अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिस करार दिया है। मिनिस्‍ट्री के मुताबिक एक्‍ट में यह साफ बताया गया है कि जो ट्रेड प्रैक्टिस किसी प्रोडक्‍ट को बेचने इस्‍तेमाल करने और सप्‍लाई करने के लिए की जाती है। अगर उनकी तरफ से कोई गलत प्रैक्टिस बिजनेस करने के लिए अपनाई जाती है तो उसे अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिस कहा जाएगा और ग्राहक ऐसी किसी भी प्रैक्टिस के खिलाफ कंज्‍यूमर फॉरम में शिकायत कर सकते हैं। अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिस है होटलों का सर्विस चार्ज वसूलना   मिनिस्‍ट्री ने कंज्‍यूमर प्रोटेक्‍शन एक्‍ट 1986 का जिक्र करते हुए कहा इसे अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिस करार दिया है। मिनिस्‍ट्री के मुताबिक एक्‍ट में यह साफ बताया गया है कि जो ट्रेड प्रैक्टिस किसी प्रोडक्‍ट को बेचने इस्‍तेमाल करने और सप्‍लाई करने के लिए की जाती है। अगर उनकी तरफ से कोई गलत प्रैक्टिस बिजनेस करने के लिए अपनाई जाती है तो उसे अनफेयर ट्रेड प्रैक्टिस कहा जाएगा और ग्राहक ऐसी किसी भी प्रैक्टिस के खिलाफ कंज्‍यूमर फॉरम में शिकायत कर सकते हैं।


राज्‍यों सरकारों को दिए जागरूक करने के निर्देश

 

मिनिस्‍ट्री के मुताबिक राज्‍य सरकारों को सर्विस चार्ज को लेकर कंपनियों%2C होटल और रेस्टोरेंट को इस बारे में जागरूक करने के लिए कहा गया है। इसके साथ ही हिदायत दी गई है कि होटल व रेस्टोरेंट सर्विस चार्ज के अनिवार्य न होने की बात को डिस्‍प्‍ले बोर्ड में लगाएं। इसमें बताया जाए कि यह चार्ज भरना अनिवार्य नहीं है। अगर कोई कस्‍टमर सर्विस से खुश नहीं है%2C तो वह सर्विस चार्ज भरने से इनकार कर सकता है।&oq=राज्‍यों सरकारों को दिए जागरूक करने के निर्देश   मिनिस्‍ट्री के मुताबिक राज्‍य सरकारों को सर्विस चार्ज को लेकर कंपनियों%2C होटल और रेस्टोरेंट को इस बारे में जागरूक करने के लिए कहा गया है। इसके साथ ही हिदायत दी गई है कि होटल व रेस्टोरेंट सर्विस चार्ज के अनिवार्य न होने की बात को डिस्‍प्‍ले बोर्ड में लगाएं। इसमें बताया जाए कि यह चार्ज भरना अनिवार्य नहीं है। अगर कोई कस्‍टमर सर्विस से खुश नहीं है%2C तो वह सर्विस चार्ज भरने से इनकार कर सकता है।

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